लखनऊ। उत्तर प्रदेशीय प्राथमिक शिक्षक संघ, जनपद लखनऊ के जिलाध्यक्ष वीरेन्द्र प्रताप सिंह के नेतृत्व में आज एक प्रतिनिधिमंडल ने जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी, लखनऊ को परिषदीय शिक्षकों की विभिन्न लंबित प्रशासनिक, वित्तीय एवं सेवा संबंधी समस्याओं के निराकरण हेतु 17 सूत्रीय मांगपत्र सौंपा।
ज्ञापन में प्रमुख रूप से प्रभारी प्रधानाध्यापकों को माननीय उच्च न्यायालय के आदेशों के अनुरूप प्रधानाध्यापक पद के सापेक्ष वेतन एवं लंबित एरियर का भुगतान, चयन एवं प्रोन्नत वेतनमान के प्रकरणों का शीघ्र निस्तारण, पारदर्शी एवं नियमसम्मत शिक्षक समायोजन, प्रत्येक विद्यालय में न्यूनतम शिक्षक उपलब्धता सुनिश्चित करना, वास्तविक छात्र संख्या के आधार पर समायोजन, मुख्यमंत्री कैशलेस चिकित्सा योजना का शत-प्रतिशत लाभ, शासकीय कार्यों के लंबित मानदेय का भुगतान, मध्याह्न भोजन व्यवस्था को अधिक प्रभावी एवं शिक्षण-अनुकूल बनाना, मानव संपदा, यू-डायस एवं अन्य ऑनलाइन पोर्टलों की तकनीकी समस्याओं का समाधान, ई-सर्विस बुक की त्रुटियों का निराकरण, प्रति कक्षा शिक्षक की उपलब्धता सुनिश्चित करना, विद्यालयों में आधारभूत सुविधाओं का विकास तथा शिक्षकों को अनावश्यक गैर-शैक्षणिक कार्यों से मुक्त कर गुणवत्तापूर्ण शिक्षण के लिए अनुकूल वातावरण उपलब्ध कराना जैसी महत्वपूर्ण मांगें शामिल हैं।
इस अवसर पर जिलाध्यक्ष वीरेन्द्र प्रताप सिंह ने कहा, परिषदीय शिक्षक पूर्ण निष्ठा, समर्पण एवं उत्तरदायित्व के साथ राष्ट्र निर्माण का महत्वपूर्ण दायित्व निभा रहे हैं। यदि उनकी सेवा एवं प्रशासनिक समस्याओं का समयबद्ध समाधान किया जाए तो न केवल शिक्षकों का मनोबल बढ़ेगा, बल्कि विद्यालयों में शैक्षिक गुणवत्ता और विद्यार्थियों के सीखने के स्तर में भी उल्लेखनीय सुधार होगा। शिक्षक संगठन का उद्देश्य केवल समस्याओं को उठाना नहीं, बल्कि उनके सकारात्मक, व्यावहारिक एवं स्थायी समाधान हेतु प्रशासन के साथ सार्थक समन्वय स्थापित करना है।
ज्ञापन कार्यक्रम में जिला मंत्री वृजेश कुमार मौर्य, जिला संयुक्त मंत्री मोहम्मद रियाज, ब्लॉक अध्यक्ष काकोरी मुकेश अवस्थी, ब्लॉक मंत्री काकोरी अंकुर कश्यप, ब्लॉक मंत्री मॉल रिंकू रावत, ब्लॉक कोषाध्यक्ष मलिहाबाद भीम सिंह, सुशील कुमार, अरुण कुमार, नीलम सहित बड़ी संख्या में शिक्षक एवं संगठन के पदाधिकारी उपस्थित रहे।



